भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक मुख्यमंत्री निवास 'समत्व भवन' में हुई। मंत्रि परिषद द्वारा 6 हजार करोड़ रूपये की 18 सिंचाई परियोजनाओं की स्वीकृति दी गई। जिसमें चितावद - उज्जैन, मेढ़ा - बैतूल, पन्हेटी - गुना, लोनी - रीवा , खाम्हा - कटनी, डोकरीखेड़ी - नर्मदापुरम, सोनपुर - शिवपुरी, थावर-मण्डला, मुरकी-डिंडोरी, पावा-शिवपुरी, सिरमौर-रीवा, कनेरा-भिण्ड, मल्हारगढ़-मंदसौर, देवरी-नर्मदापुरम, सीतलझिरी-बैतूल, आहू-आगर मालवा, बगलीपीठ-बालाघाट और पहाड़िया-रीवा शामिल है। इन परियोजनाओं से 2 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई क्षेत्र में वृद्धि होगी।
इससे लगभग 1250 ग्रामों के लगभग 02 लाख कृषक लाभांवित होंगे। मंत्रि-परिषद द्वारा छिन्दवाड़ा जिले की तहसील सोंसर एवं पांढुर्ना को समाविष्ट का नवीन जिला पाढुर्ना बनाने की स्वीकृति दी गई है।
उज्जैन में नवीन तहसील उन्हेल का सृजन
मंत्रिपरिषद द्वारा जिला उज्जैन में नवीन तहसील उन्हेल का सृजन किया गया जिसमें वर्तमान तहसील नागदा के प.ह.न. 33 से 41, 47, 48, 50 से 66 तक, इस प्रकार कुल 28 पटवारी हलके समाविष्ट होंगे। प्रस्तावित तहसील उन्हेल के गठन के पश्चात शेष तहसील नागदा में तहसील नागदा के प.ह.न. 01 से 32,42 से 46 एवं 49 तक, कुल 38 पटवारी हल्के समाविष्ट होंगे। जिले में नवीन तहसील उन्हेल के कुशल संचालन के लिये कुल 17 पद स्वीकृत किये गये है। तहसीलदार का 1, नायब तहसीलदार का 1, सहायक ग्रेड-2 के 2, सहायक ग्रेड-3 के 4, सहायक ग्रेड-3 (प्रवाचक) के 2, जमादार/ दफतरी/ बस्तावरदार का 1, वाहन चालक का 1, भृत्य के 5 शामिल है।
जिला बालाघाट में नवीन तहसील लामता का सृजन
मंत्रिपरिषद द्वारा जिला बालाघाट में नवीन तहसील लामता का सृजन किया गया जिसमें वर्तमान तहसील बालाघाट के प.ह.न. 1 से 16 तक, इस प्रकार कुल 16 पटवारी हल्के समाविष्ट हांगे। प्रस्तावित तहसील लामता के गठन के पश्चात शेष बालाघाट तहसील में तहसील बालाघाट के प.ह.न. 17 से 56 तक कुल 40 पटवारी हल्के समाविष्ट होंगे। जिला बालाघाट में नवीन तहसील लामता के कुशल संचालन के लिये 17 पद स्वीकृत किये गये है। जिसमें तहसीलदार का 1, नायब तहसीलदार का 1, सहायक ग्रेड-2 के 2, सहायक ग्रेड-2 के 2, सहायक ग्रेड-3 के 4 सहायक ग्रेड-3 (प्रवाचक) के 2, जमादार/दफ्तरी/ बस्तावरदार का 1, वाहन चालक का 1, भृत्य के 5 पद शामिल है।
जिला रायसेन में नवीन तहसील बम्होरी का सृजन
मंत्रिपरिषद द्वारा जिला रायसेन में प्रस्तावित तहसील बम्होरी में वर्तमान तहसील सिलवानी के प.ह.न. 01 से 20 तक इस प्रकार कुल 20 पटवारी हलके समाविष्ट होंगे। प्रस्तावित तहसील बम्होरी के गठन के पश्चात शेष तहसील सिलवानी में तहसील सिलवानी के प.ह.न. 21 से 68 तक कुल 48 पटवारी हल्के समाविष्ट होंगे। जिला रायसेन में नवीन तहसील बम्होरी के कुशल संचालन के लिये कुल 17 पद स्वीकृत किये गये है। तहसीलदार का 1, नायब तहसीलदार का 1, सहायक ग्रेड-2 के 2, सहायक ग्रेड-3 के 4, सहायक ग्रेड-3 (प्रवाचक) के 2, जमादार/ दफतरी/ बस्तावरदार का 1, वाहन चालक का 1, भृत्य के 5 पद शामिल है।
रायसेन में तहसील सुल्तानगंज का गठन
मंत्रिपरिषद द्वारा जिला रायसेन में प्रस्तावित तहसील सुल्तानगंज का गठन किया गया जिसमें वर्तमान तहसील बेगमगंज के प.ह.न 34 से 61 तक, कुल 28 पटवारी हल्के समाविष्ट होंगे। प्रस्तावित तहसील सुल्तानगंज के गठन के पश्चात शेष तहसील बेगमगंज में तहसील बेगमगंज के प.ह.न. 01 से 33 तक, इस प्रकार कुल 33 पटवारी हल्के समाविष्ट होगे। जिला रायसेन में नवीन तहसील सुल्तानगंज के कुशल संचालन के लिये कुल 17 पद स्वीकृत किये गये। जिसमें तहसीलदार 01, नायब तहसीलदार 01, सहायक ग्रेड 2 के 02, सहायक ग्रेड-3 के 04 सहायक ग्रेड-3 (प्रवाचक) के 2, जमादार/ दफतरी/ बस्तावरदार का 1, वाहन चालक का 1 और भृत्य के 5 पद शामिल है।
मन्दसौर में नवीन तहसील कयामपुर का सृजन
मंत्रिपरिषद द्वारा जिला मन्दसौर में नवीन तहसील कयामपुर का सृजन किया गया जिसमें वर्तमान तहसील सीतामऊ के पटवारी हल्का 01 से 31 कुल 31 हल्के समाविष्ट होंगे। तत्पश्चात्सीतामऊ तहसील में पटवारी हल्का नम्बर 32 से 74 तक कुल 43 पटवारी हल्के शेष रहेंगे। जिला मन्दसौर में नवीन तहसील कयामपुर के कुशल संचालन के लिये कुल 17 पद स्वीकृत किये गये। जिसमें तहसीलदार का 1, नायब तहसीलदार के 7, सहायक ग्रेड-2 के 2, सहायक ग्रेड-3 के 4, सहायक ग्रेड-3 (प्रवाचक) के 2, जमादार/ दफतरी/ बस्तावरदार का 1 , वाहन चालक का 1 और भृत्य के 5 पद शामिल है।
8 ग्राम पंचायतें, नगर परिषद और ब्यौहारी बनेगी नगर पालिका
मंत्रि-परिषद द्वारा मंदसौर जिले की ग्राम पंचायत नाहरगढ, बोलिया एवं गांधीसागर, सीधी जिले की ग्राम पंचायत सेमरिया, शाजापुर जिले की ग्राम पंचायत अवन्तिपुर बड़ोदिया एवं गुलाना, सतना जिले की ग्राम सिंहपुर, हरदा जिले की ग्राम पंचायत रहटगांव, को नगर परिषद के रूप में गठन एवं शहडोल जिले की नगर परिषद ब्यौहारी को नगर पालिका परिषद में उन्नयन किये जाने तथा राज्यपाल को प्रेषित किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गई है।
भवन विकास निगम के 77 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा मध्यप्रदेश भवन विकास निगम के सुचारू संचालन के लिये 77 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई।
कमला पार्क से संत हिरदाराम नगर तक एलिवेटेड कॉरिडोर की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा भोपाल से इंदौर, राजगढ़ एवं पुराने भोपाल में यातायात सुगम करने के लिये 8-लेन मार्ग के निर्माण की स्वीकृति दी गई है। यह मार्ग कमला पार्क से खानूगांव (होटल इंपिरियल सेबरे के पास) तक 8-लेन एलिवेटेड कॉरिडोर होगा। खानूगांव के बाद एलिवेटेड कॉरिडोर दो हिस्सों में बट जाएगा। एलिवेटेड कॉरिडोर की पहली शाखा खानूगांव से शुरू होकर भोपाल-इंदौर मार्ग पर संत हिरदाराम नगर के समीप समाप्त होगी, जो सिक्स लेन एलिवेटेड होगी। दूसरी शाखा खानूगांव से शुरू होकर मौजूदा संरेखण पर वर्तमान लेवल का पालन करते हुए लालघाटी चौराहे तक जाएगी, जो 6 लेने होगी। मार्ग का निर्माण हाइब्रिड एन्युटी मॉडल (HAM) के अंतर्गत किया जावेगा। परियोजना के क्रियान्वयन के लिये 3 हजार 156 करोड़ का अनुमोदन दिया गया।
सेवामुक्त होने पर कोटवार को एक लाख रूपये दिये जाने की स्वीकृति
मंत्रि परिषद् द्वारा सेवामुक्त होने पर कोटवार को निर्धारित नियमों अंतर्गत एक लाख रूपये की राशि दिये जाने की स्वीकृति दी गई।
पैक्स और लैम्पस की प्रबंधकीय अनुदान की राशि में अतिरिक्त वार्षिक वृद्धि करने का निर्णय
मंत्रिपरिषद द्वारा सहकारिता विभाग की योजना अंतर्गत प्राथमिक साख सहकारी समितियों (पैक्स) एवं आदिम जाति सेवा सहकारी समितियों (लैम्पस) को दिये जाने वाले प्रबंधकीय अनुदान की राशि में प्रति समिति 3 लाख रूपये की अतिरिक्त वार्षिक वृद्धि किये जाने का निर्णय लिया गया। इसके लिये 136 करोड़ 11 लाख रूपये की अतिरिक्त राशि राज्य शासन द्वारा प्रतिवर्ष समितियों को उपलब्ध कराई जायेगी। इसके साथ सार्वजनिक वितरण प्रणाली की उचित मूल्य दुकानों के संचालन के लिये पैक्स एवं लैम्पस समितियों के विक्रेताओं को भी 3 हजार रूपये प्रति विक्रेता प्रति माह पारिश्रमिक मानदेय बढाये जाने का निर्णय लिया गया है। इसके लिये भी 46 करोड़ 89 लाख रूपये की राशि प्रबंधकीय अनुदान के रूप में प्रतिवर्ष समितियों को राज्य शासन द्वारा उपलब्ध कराई जायेगी। योजना का क्रियान्वयन 01 अक्टूबर, 2023 से किया जायेगा।
स्कूटी प्रदाय योजना के सरलीकरण की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा सभी शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालयों में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली छात्रा एवं छात्र को नि:शुल्क ई-स्कूटी/स्कूटी के क्रय करने की कार्यवाही के सरलीकरण के प्रस्ताव की स्वीकृति दी गई।
साधन सम्पन्न विद्यालयों के उन्नयन और सुविधा विस्तार के प्रस्ताव
मंत्रि-परिषद द्वारा सीएम राईज स्कूल योजना अंतर्गत सर्व संसाधन सम्पन्न विद्यालयों के उन्नयन और सुविधाओं के विस्तार के प्रस्ताव स्वीकृत किये गये।
तीन सिंचाई परियोजनाओं की निविदा आमंत्रित करने की अनुमति
मंत्रि-परिषद द्वारा नर्मदा घाटी विकास विभाग की 3 परियोजनाओं क्रमश: बहोरीबंद माइक्रो सिंचाई परियोजना, शहीद इलाप सिंह उदवहन माइक्रो सिंचाई परियोजना और खण्डवा उदवहन माइक्रो सिंचाई परियोजना की प्रशासकीय स्वीकृति एवं निविदा आमंत्रित करने की अनुमति प्रदान की गई। लगभग 1,12,220 हेक्टेयर सिंचाई क्षमता निर्मित करने वाली तीनों परियोजनाओं की लागत राशि 3 हजार 598 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई।
आहार अनुदान योजना की हितग्राहियों को प्रतिमाह राशि में वृद्धि की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा आहार अनुदान योजना की हितग्राहियों को प्रतिमाह राशि में 250 रूपये की वृद्धि करते हुए प्रतिमाह राशि 1250 रूपये के स्थान पर 1500 रूपये प्रतिमाह किये जाने की स्वीकृति दी है।
विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए केवल एक बार ही शुल्क लिए जाने की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए केवल एक बार ही शुल्क लिए जाने के संबंध में प्रस्ताव का अनुसमर्थन किया। कर्मचारी चयन मण्डल द्वारा आयोजित की जाने वाली परीक्षाओं के लिये वन टाईम परीक्षा शुल्क एवं रजिस्ट्रेशन की सुविधा प्रारंभ की जा रही है।
शहीद हुए वनकर्मियों को 25 लाख विशेष अनुग्रह अनुदान की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा शहीद हुए वनकर्मियों को मध्य प्रदेश शासन द्वारा शहीद घोषित करते हुए आश्रितों को 10 लाख रूपये से बढ़ाकर 25 लाख रूपये विशेष अनुग्रह अनुदान प्रदान करने की स्वीकृति दी है।
जनजातीय कार्य विभाग के 95 सीएम राइज स्कूलों के चयन एवं स्थान परिवर्तन का अनुसमर्थन
मंत्रि-परिषद द्वारा जनजातीय कार्य विभाग के 95 सीएम राइज स्कूलों केचयन एवं स्थान परिवर्तन का अनुसमर्थन किया गया। स्कूल शिक्षा विभाग के साथ जनजातीय कार्य विभाग अंतर्गत 85 विद्यालयों को सीएम राइज योजना में शामिल किया जा चुका है। 85 विद्यालयों में से 16 का स्थान परिवर्तन एवं 10 नवीन विद्यालयों का चयन सीएम राइज योजनांतर्गत किया जा रहा है।
जनजातीय एवं लोक कलाकारों को प्रदर्शन के लिए दैनिक मानदेय एवं भत्ते की दरों में वृद्धि की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद जनजातीय एवं लोक कलाकारों को प्रदर्शन के लिए दैनिक मानदेय एवं भत्ते की दरों में वृद्धि की स्वीकृति दी है। कलाकारों को प्रदर्शन के लिये दैनिक मानदेय 800 रूपये प्रति दिवस से बढ़ाकर 1500 रूपये प्रति दिवस एवं दैनिक भत्ता 250 रूपये प्रति दिवस से बढ़ाकर 500 रूपये प्रतिदिवस किया गया। लोक कलाकारों को आवागमन, स्थानीय परिवहन तथा आवास सुविधा पूर्ववत जारी रखी जाएगी। अन्तर्राष्ट्रीय प्रस्तुतियों में प्रतिभागिता हेतु जाने वाले कलाकारों तथा उनके समन्वय हेतु जाने वाले विभागीय अधिकारियों/कर्मचारियों को भेजे जाने के लिये संस्कृति विभाग सक्षम प्राधिकारी होगा।
विवेकानंद युवा संसाधन केन्द्र की स्थापना की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा प्रदेश के 52 जिला मुख्यालयों पर युवाओं के लिए ‘’विवेकानंद युवा संसाधन केंद्र’’ की स्थापना की स्वीकृति दी है। प्रत्येक जिले के अग्रणी/चयनित महाविद्यालय में सर्व सुविधायुक्त कार्यालय, कम्प्यूटर लैब तथा अध्ययन कक्ष का पृथक से निर्माण किया जाएगा। विवेकानंद युवा संसाधन केन्द्र में भौतिक स्वरूप, त्रिस्तरीय समितियां होंगी। कुल अनुमानित आवर्ती व्यय 15 करोड़ 43 लाख एवं अनावर्ती व्यय 58 करोड़ 40 लाख रूपए, इस प्रकार कुल 73 करोड़ 83 लाख रूपए व्यय की स्वीकृति दी है।
कर्मचारियों को आयुष्मान भारत ''निरामयम'' प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना शामिल
मंत्रि-परिषद प्रदेश के शासकीय कर्मचारी/कार्यकर्ता/संविदा कर्मियों को आयुष्मान भारत ''निरामयम'' प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना अंतर्गत सम्मिलित किये जाने की स्वीकृति दी है। भारत निरामय योजना के अंतर्गत स्वीकृत पात्र हितग्राही, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, पंचायत सचिव, ग्राम रोजगार सहायक, आशा तथा उषा कार्यकर्ता, आशा सुपरवाईजर, कोटवार एवं संविदा कर्मचारियों को आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत 5 लाख रुपए स्वास्थ्य सुरक्षा लाभ स्वीकृत किया गया है।
अन्य निर्णय
मंत्रि-परिषद द्वारा भारत सरकार, वस्त्र मंत्रालय की पीएम मेगा एकीकृत वस्त्र क्षेत्र और परिधान (पीएम मित्र) योजना अंतर्गत प्रदेश में टेक्सटाईल पार्क की स्थापना के लिये एसपीव्ही (विशेष प्रयोजन वाहन) के गठन संबंधी ज्वाइंट वेंचर एग्रीमेंट, मेमोरेण्डम तथा आर्टीकल्स ऑफ एसोसिएशन प्रारूप के अनुमोदन के संबंध में निर्णय लिया गया है।
मंत्रि-परिषद द्वारा महर्षि पाणिनी संस्कृत एवं वैदिक विश्वविद्यलाय उज्जैन का कैम्पस जिला रीवा में भी स्थापित करने की स्वीकृति दी गई।
मंत्रि-परिषद द्वारा अमरपाटन जिला मैहर में नवीन शासकीय पोलिटेक्निक महाविद्याल की स्थापना की स्वीकृति दी गई।
मंत्रि-परिषद द्वारा रायसेन जिले में 100 एम.बी.बी.एस. सीट प्रवेश क्षमता के नवीन मेडिकल कॉलेज की स्थापना की स्वीकृति दी गई।
मंत्रि-परिषद द्वारा मेडिकल कॉलेज के शैक्षणिक संवर्ग को वर्ष 2016 से 7वां वेतनमान दिये जाने की स्वीकृति दी गई।
वनरक्षकों को प्रशिक्षण पूर्ण होने की दिनांक से मूल वेतन स्वीकृत किये जाने की स्वीकृति दी गई है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एम्स भोपाल में हुए मध्य भारत के पहले हार्ट ट्रांसप्लांट से पुनर्जीवन प्राप्त करने वाले मरीज दिनेश मालवीय से उनकी कुशलक्षेम पूछी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस उपलब्धि के लिए एम्स भोपाल की टीम को बधाई दी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सिहंस्थ: 2028 का व्यवस्थित और सफल आयोजन राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सिंहस्थ की व्यवस्थाओं का विस्तार उज्जैन जिले के ग्रामीण क्षेत्रों तक होगा, अत: इसमें पंचायत प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। सिंहस्थ के आयोजन में श्रद्धालुओं के आवागमन की दृष्टि से उज्जैन जनपद विशेष रूप से महत्वपूर्ण है, इंडस्ट्रियल बेल्ट भी इसी क्षेत्र में विद्यमान है।
भोपाल। मध्य प्रदेश में सरकारी यात्री बस सेवा का संचालन कंपनियों के माध्यम से किया जाएगा। इसको लेकर परिवहन विभाग ने प्रस्ताव तैयार कर लिया है। इसको कैबिनेट की बैठक में रखा जाएगा। इससे पहले परिवहन विभाग ने संबंधित अन्य विभागों से यात्री परिवहन बस संचालन को लेकर राय ली। इसमें शहरी विकास विभागऔर विधि विभाग ने अपनी राय दे दी है। इसके तहत एक राज्य स्तर की कंपनी बनाई जाएगी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार निरंतर किसानों के कल्याण के लिये कृत संपल्पित होकर कार्य कर रही है। सरकार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ज्ञान (GYAN) से ध्यान पर फोकस करते हुए 4 मिशन के क्रियान्वयन पर जोर दिया है। जल्द ही प्रदेश में किसान कल्याण के लिये मिशन भी प्रारंभ होने वाला है। वर्तमान में किसानों के कल्याण की विभिन्न योजनाएँ संचालित हो रही है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने माँ नर्मदा जयंती की समस्त प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि माँ नर्मदा के अविरल प्रवाह ने मध्यप्रदेश को समृद्ध और खुशहाल बनाया है। मध्यप्रदेश की जीवन रेखा माँ नर्मदा का आशीर्वाद ऐसे ही अनवरत बरसता रहे, यही कामना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नर्मदा जयंती पर प्रदेशवासियों से जल और संस्कृति के संरक्षण के लिए संकल्पित होने का आव्हान किया है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि युवा वर्ग अपने सपनों को साकार करने के लिए आगे बढ़े। राज्य सरकार हरसंभव सहयोग प्रदान करने के लिए तत्पर है। इस क्रम में कल 5 फरवरी को सभी पात्र निर्धारित विद्यार्थियों को स्कूटी प्रदान की जाएगी। युवा वर्ग अपनी प्रावीण्यता का लाभ ले और अपने साथियों के लिए भी प्रेरणा का स्त्रोत बनें, इस उद्देश्य से यह उपक्रम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि युवा न केवल उद्यमी बनें अपितु सब प्रकार से सक्षम भी बनें और अपने लक्ष्य प्राप्ति में सफल हों।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पूर्वोत्तर राज्यों से भारत एकात्मता यात्रा पर आए विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश केवल भौगोलिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक रूप से भी देश की एकता और अखंडता को दर्शाता है। उन्होंने प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और राष्ट्रप्रेम की भावना को रेखांकित करते हुए विद्यार्थियों को इस विविधता का सम्मान करने और भारतीय संस्कृति को आत्मसात करने की प्रेरणा दी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हाल ही में पेश केन्द्रीय बजट में मध्यप्रदेश के लिए रेलवे सुविधाओं के लिए 14 हजार 745 करोड़ रुपए के बजट आवंटन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त कर मध्यप्रदेश के नागरिकों की ओर से धन्यवाद दिया है।
भोपाल। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने गोपाल भार्गव को राजभवन में विधानसभा के प्रोटेम स्पीकर की शपथ दिलाई। शपथ ग्रहण समारोह का गरिमामय आयोजन राजभवन के दरबार हॉल में किया गया था। समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, उप-मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, उप-मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल भी मौजूद थे।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मंत्र को साकार कर जनता की जिन्दगी बदलना ही हमारी सरकार का लक्ष्य है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में जन-सामान्य ने अपना विश्वास व्यक्त किया है, उनके नेतृत्व में विकास की प्रक्रिया जारी है। विकास और जनकल्याण के लक्ष्य को संकल्प पत्र-2023 के अनुरूप धरातल पर उतारना हमारा उद्देश्य है। सभी विभाग संकल्प पत्र के सभी वादों, संकल्पों और घोषणाओं की पूर्ति का काम मिशन मोड में आरंभ कर समय-सीमा में लक्ष्य प्राप्ति सुनिश्चित करें।