भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में सीएम राइज योजना एक नई सामाजिक क्रांति है। इस योजना से शासकीय स्कूलों को सर्वसुविधा तथा संसाधनयुक्त बनाया जा रहा है। नये भवन बनाये जा रहे हैं। योग्य एवं कुशल, कर्मठ तथा लगनशील शिक्षकों की व्यवस्था कर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने की व्यवस्था शुरू की गई है। सीएम राइज स्कूलों में स्मार्ट क्लास,लायब्रेरी, प्रयोगशाला, खेल मैदान सहित अन्य सभी जरूरी सुविधाएँ उपलब्ध करायी जायेंगी।
सरकारी स्कूलों को प्रायवेट स्कूलों से बेहतर बनाया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारी स्कूलों के अध्यापकों एवं बच्चों में योग्यता और प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। उन्हें सिर्फ अवसर और सुविधाएँ देने की जरूरत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में शिक्षाकर्मी कल्चर को समाप्त किया गया है। शिक्षकों को बेहतर सम्मान और सुविधाएँ प्रदान की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री श्री चौहान आज इंदौर में राज्य स्तरीय समारोह में प्रदेश में शिक्षण सुविधाओं को सुदृढ़ बनाने, विस्तारित करने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिये सीएम राइज योजना में 2519 करोड़ रूपये की लागत से प्रदेश में बनने वाले 69 सीएम राइज स्कूलों के नवीन भवन का भूमि-पूजन कर रहे थे।
मोटिवेशनल स्पीकर की भूमिका में नजर आये मुख्यमंत्री
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री चौहान एक अलग रूप में नजर आये। यह रूप था मोटिवेशनल स्पीकर का इस रूप में उन्होंने विद्यार्थियों से सहज शैली में संवाद कर प्रेरक दृष्टांतों के माध्यम से जीवन में आगे बढ़ने के लिये प्रेरित किया। मुख्यमंत्री ने बच्चों से संवाद करते हुए स्वयं की प्रारंभिक शिक्षा एक छोटे से गाँव के सरकारी स्कूल में होने, एक हाथ में टाट पट्टी और दूसरे हाथ में बस्ता लेकर विद्यालय जाने जैसी बातें साझा की। उन्होंने बताया कि जब वे सांसद बने तब सरकारी स्कूलों में जाते थे और सोचते थे कि इन स्कूलों में यदि बच्चों को पढ़ाई के लिए सारी सुविधाएँ मिल जाए तो वे भी चमत्कार कर सकते हैं। यही वजह रही कि मुख्यमंत्री बनने के बाद ऐसे विद्यालय खोलने का संकल्प लिया जहाँ हर वर्ग के विद्यार्थी को पढ़ाई, खेलकूद, कला एवं कौशल विकास के पूरे अवसर मिल सकें।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने विद्यार्थियों से कहा कि वे स्वामी विवेकानंद के आदर्श वाक्य "उठो, जागो और अपने लक्ष्य को प्राप्त करके ही चैन की साँस लो" का अनुसरण करें। खूब पढ़े और खूब खेलें। उन्होंने विद्यार्थियों से "खेलेंगे-कूदेंगे, आसमान को छू लेंगे, पढ़ेंगे-लिखेंगे, आसमान को छू लेंगे का उद्धघोष भी कराया। मुख्यमंत्री ने बच्चों से कहा कि यदि उनमें प्रतिभा है, तो उन्हें आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकेगा। उन्हें सारी सुविधाएँ सरकार देगी। मेधावी विद्यार्थियों की उच्च शिक्षा की फीस भी शिवराज मामा भरेगा। तुम मेहनत करो तो डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, मुख्यमंत्री जो चाहे बन सकते हो। मनुष्य जैसा सोचता है वैसा कर सकता है।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बच्चों से संवाद कर उन्हें पढ़ने, खेलने एवं आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि पढ़ाई के साथ खेल भी जरूरी है। मुख्यमंत्री जी ने कहा कि सीएम राइज स्कूलों में चित्रकला, गीत-संगीत और खेलकूद के क्षेत्र में भी आगे बढ़ने की सुविधाएँ प्रदान की जाएंगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बच्चों को पढ़ने, खेलने और आगे बढ़ कर आसमान छू लेने का संकल्प भी दिलवाया। उन्होंने बच्चों से कहा कि अच्छा सोचो, अच्छा करो एवं अच्छा नागरिक बनो। उन्होंने कहा कि जीवन में नई उँचाइयों को हासिल करने के लिये सीएम राइज योजना मील का पत्थर साबित होगी।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि सीएम राइज स्कूल की परिकल्पना को साकार करने के लिए देश-विदेश के शिक्षाविदों एवं विद्वानों के साथ चर्चा एवं परामर्श कर योजना बनाई गई। निर्णय लिया गया कि स्कूल की बिल्डिंग सर्व सुविधा युक्त तो होगी ही साथ ही अच्छा फर्नीचर, प्रयोगशाला, पुस्तकालय, स्मार्ट क्लास, खेल मैदान, खेल का सामान आदि सभी आवश्यक सुविधाएँ भी होंगी। स्मार्ट क्लास से विद्यार्थी देश-विदेश के योग्य शिक्षकों से ज्ञान प्राप्त कर सकेंगे।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि इन स्कूलों में योग्य, कर्मठ, समर्पित शिक्षक होंगे। उन्होंने शिक्षकों से अपील की कि वे विद्यार्थियों का भविष्य बनाने में कोई कमी न छोड़ें। यह केवल नौकरी नहीं है अपितु साधना है, तपस्या है, राष्ट्र के नव-निर्माण का महायज्ञ है। उन्होंने बच्चों के माता-पिता से भी कहा कि बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार करें। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सीएम राइज स्कूल की परिकल्पना को मूर्तरूप देने के लिए स्कूल शिक्षा मंत्री और विभागीय अमले को बधाई एवं शुभकामनाएँ दी।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में प्रदेश में एक और क्रांति हुई है। प्रदेश में अब मेडिकल और इंजीनियरिंग की पढ़ाई हिन्दी में भी प्रारंभ की गई है। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि सभी भाषाएँ सीखो परंतु शिक्षा अपनी मातृभाषा में ही प्राप्त करो। अच्छे गुण धारण करो, अच्छे नागरिक बनो, माता-पिता एवं गुरूजनों का सम्मान करो और नशे से दूर रहो।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने पोलोग्राउंड में विकसित किये जा रहे सीएम राइज स्कूल शासकीय अहिल्या आश्रम उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय क्रमांक-एक के प्रागंण में स्थापित प्रात: स्मरणीय अहिल्या माता की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धा-सुमन अर्पित किये। मुख्यमंत्री ने उपस्थित बालिकाओं पर पुष्प-वर्षा कर स्वागत-सत्कार किया और सीएम राइज स्कूल पर आधारित चित्र प्रदर्शनी का अवलोकन किया। सीएम राइज योजना पर आधारित लघु फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया।
स्कूल शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) इंदर सिंह परमार ने कहा कि सीएम राइज योजना से शासकीय स्कूलों की दशा एवं दिशाएँ बदली जा रही हैं। प्रदेश में 12वीं तक की शिक्षा एक ही कैंपस में देने की व्यवस्था की जा रही है। मातृभाषा में शिक्षा को बढ़ावा दिया जा रहा है। अन्य भाषाओं को भी बढ़ावा दिया जाएगा। प्रारंभ में प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा रश्मि अरुण शमी ने स्वागत भाषणमें प्रदेश में निर्मित होने वाले सीएम राइज स्कूलों की जानकारी दी।
कार्यक्रम में जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट तथा पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री उषा ठाकुर, सांसद शंकर लालवानी, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, अनुसूचित जाति वित्त विकास निगम अध्यक्ष सावन सोनकर, जिला पंचायत अध्यक्ष रीना मालवीय, इंदौर विकास प्राधिकरण अध्यक्ष जयपाल सिंह चावड़ा, विधायक रमेश मेंदोला, मालिनी गौड़ तथा महेंद्र हार्डिया, पूर्व विधायक सुदर्शन गुप्ता, राजेश सोनकर, मनोज पटेल, आईडीए के पूर्व अध्यक्ष मधु वर्मा, गौरव रणदिवे, पूर्व महापौर कृष्ण मुरारी मोघे आयुक्त लोक शिक्षण अभय वर्मा, संभागायुक्त डॉ. पवन कुमार शर्मा तथा कलेक्टर मनीष सिंह भी मौजूद थे।
कुल 9095 सीएम राइज स्कूल खुलेंगे
सीएम राइज स्कूल में के.जी. से लेकर कक्षा 12वीं तक शिक्षा दी जाएगी। प्रदेश में 2 चरण में 9हजार 95 सीएम राइज स्कूल खोले जायेंगे। इस चरण में वर्ष 2021-24 में प्रत्येक जिला एवं विकासखण्ड स्तर पर 360 स्कूल खोले जायेंगे। दूसरे चरण में वर्ष 2024 से 2031 तक प्रत्येक 10 से 15 किलोमीटर में एक सीएम राइज स्कूल शुरू होगा और कुल 8 हजार 735 स्कूल खोले जायेंगे।
सीएम राइज स्कूल की विशेषताएँ
सीएम राइज स्कूल की 10 प्रमुख विशेषता निर्धारित की गई हैं। इन स्कूलों में विश्व-स्तरीय अधो-संरचना, परिवहन सुविधा, नर्सरी एवं पूर्व प्राथमिक कक्षाएँ, स्मार्ट क्लॉस एवं डिजिटल लर्निंग, शत-प्रतिशत स्टॉफ एवं सहायक स्टॉफ, स्टॉफ की क्षमता वृद्धि, सुसज्जित प्रयोगशालाएँ, वाचनालय, पाठ्येत्तर सुविधाएँ, 21वीं सदी की आवश्यकता के अनुरूप कौशल कार्यक्रम, व्यावसायिक शिक्षा और पालकों की सहभागिता रहेगी।
सीएम राइज स्कूल का विजन, मिशन और मूल्य
सीएम राइज स्कूल का उद्देश्य ऐसे स्कूल समुदाय का निर्माण करना है, जो सभी विद्यार्थियों में कठिनाइयों से निपटने की क्षमता और उनके संपूर्ण विकास को बढ़ावा देगा। उन्हें समाज में योगदान देने और संवैधानिक मूल्यों को बरकरार रखने के लिए सशक्त बनायेगा। इन स्कूलों की स्थापना में राज्य सरकार का मिशन, विकास में सहायक, समावेशी और आनंदमय स्कूल समुदाय का निर्माण करना है। कौशल तथा एकीकृत समग्र शिक्षा को प्रोत्साहित करके विद्यार्थियों को जिज्ञासु एवं रचनात्मक कार्यों में सक्षम और आत्म-निर्भर बनने के लिए प्रेरित करना है। सीएम राइज स्कूल में विद्यार्थियों को शिक्षा से उनके द्वारा चुने गए पथ पर आगे बढ़ने, अपनी पूरी क्षमता का उपयोग करने में समर्थ बनाने और परिपूर्ण जीवन जीने के लिए अवसर एवं सहायता मिलेगी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एम्स भोपाल में हुए मध्य भारत के पहले हार्ट ट्रांसप्लांट से पुनर्जीवन प्राप्त करने वाले मरीज दिनेश मालवीय से उनकी कुशलक्षेम पूछी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस उपलब्धि के लिए एम्स भोपाल की टीम को बधाई दी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सिहंस्थ: 2028 का व्यवस्थित और सफल आयोजन राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सिंहस्थ की व्यवस्थाओं का विस्तार उज्जैन जिले के ग्रामीण क्षेत्रों तक होगा, अत: इसमें पंचायत प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। सिंहस्थ के आयोजन में श्रद्धालुओं के आवागमन की दृष्टि से उज्जैन जनपद विशेष रूप से महत्वपूर्ण है, इंडस्ट्रियल बेल्ट भी इसी क्षेत्र में विद्यमान है।
भोपाल। मध्य प्रदेश में सरकारी यात्री बस सेवा का संचालन कंपनियों के माध्यम से किया जाएगा। इसको लेकर परिवहन विभाग ने प्रस्ताव तैयार कर लिया है। इसको कैबिनेट की बैठक में रखा जाएगा। इससे पहले परिवहन विभाग ने संबंधित अन्य विभागों से यात्री परिवहन बस संचालन को लेकर राय ली। इसमें शहरी विकास विभागऔर विधि विभाग ने अपनी राय दे दी है। इसके तहत एक राज्य स्तर की कंपनी बनाई जाएगी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार निरंतर किसानों के कल्याण के लिये कृत संपल्पित होकर कार्य कर रही है। सरकार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ज्ञान (GYAN) से ध्यान पर फोकस करते हुए 4 मिशन के क्रियान्वयन पर जोर दिया है। जल्द ही प्रदेश में किसान कल्याण के लिये मिशन भी प्रारंभ होने वाला है। वर्तमान में किसानों के कल्याण की विभिन्न योजनाएँ संचालित हो रही है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने माँ नर्मदा जयंती की समस्त प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि माँ नर्मदा के अविरल प्रवाह ने मध्यप्रदेश को समृद्ध और खुशहाल बनाया है। मध्यप्रदेश की जीवन रेखा माँ नर्मदा का आशीर्वाद ऐसे ही अनवरत बरसता रहे, यही कामना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नर्मदा जयंती पर प्रदेशवासियों से जल और संस्कृति के संरक्षण के लिए संकल्पित होने का आव्हान किया है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि युवा वर्ग अपने सपनों को साकार करने के लिए आगे बढ़े। राज्य सरकार हरसंभव सहयोग प्रदान करने के लिए तत्पर है। इस क्रम में कल 5 फरवरी को सभी पात्र निर्धारित विद्यार्थियों को स्कूटी प्रदान की जाएगी। युवा वर्ग अपनी प्रावीण्यता का लाभ ले और अपने साथियों के लिए भी प्रेरणा का स्त्रोत बनें, इस उद्देश्य से यह उपक्रम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि युवा न केवल उद्यमी बनें अपितु सब प्रकार से सक्षम भी बनें और अपने लक्ष्य प्राप्ति में सफल हों।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पूर्वोत्तर राज्यों से भारत एकात्मता यात्रा पर आए विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश केवल भौगोलिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक रूप से भी देश की एकता और अखंडता को दर्शाता है। उन्होंने प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और राष्ट्रप्रेम की भावना को रेखांकित करते हुए विद्यार्थियों को इस विविधता का सम्मान करने और भारतीय संस्कृति को आत्मसात करने की प्रेरणा दी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हाल ही में पेश केन्द्रीय बजट में मध्यप्रदेश के लिए रेलवे सुविधाओं के लिए 14 हजार 745 करोड़ रुपए के बजट आवंटन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त कर मध्यप्रदेश के नागरिकों की ओर से धन्यवाद दिया है।
भोपाल। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने गोपाल भार्गव को राजभवन में विधानसभा के प्रोटेम स्पीकर की शपथ दिलाई। शपथ ग्रहण समारोह का गरिमामय आयोजन राजभवन के दरबार हॉल में किया गया था। समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, उप-मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, उप-मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल भी मौजूद थे।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मंत्र को साकार कर जनता की जिन्दगी बदलना ही हमारी सरकार का लक्ष्य है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में जन-सामान्य ने अपना विश्वास व्यक्त किया है, उनके नेतृत्व में विकास की प्रक्रिया जारी है। विकास और जनकल्याण के लक्ष्य को संकल्प पत्र-2023 के अनुरूप धरातल पर उतारना हमारा उद्देश्य है। सभी विभाग संकल्प पत्र के सभी वादों, संकल्पों और घोषणाओं की पूर्ति का काम मिशन मोड में आरंभ कर समय-सीमा में लक्ष्य प्राप्ति सुनिश्चित करें।