भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में पर्याप्त उपलब्धता के बावजूद कुछ स्थानों पर खाद प्राप्त न होने के संबंध में प्राप्त किसानों की शिकायतों का तत्काल समाधान किया जाए। मध्यप्रदेश को आवश्यकतानुसार खाद उपलब्ध करवाने में केन्द्र सरकार का भी पूरा सहयोग मिल रहा है। केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री मनसुख लाल मंडाविया से भी समय-समय पर चर्चा होती है और प्रदेश के किसानों के लिए उर्वरक की आपूर्ति का कार्य बिना बाधा के होता रहा है। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज निवास पर हुई बैठक में प्रदेश में खाद वितरण कार्य की समीक्षा कर रहे थे।
बैठक में मार्कफेड द्वारा खाद के एक से अधिक विक्रय पाइंट बनाने और स्कंध खत्म होने के पहले भंडारण सुनिश्चित करने पर सहमति हुई। लगातार समीक्षा कर यह कार्य किया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध है।
ऐसे में मार्कफेड और अन्य संबंधित संस्थाओं द्वारा ऐसी व्यवस्थाएँ सुनिश्चित की जाएँ कि खाद न मिलने की कहीं से भी शिकायत नहीं आए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि किसानों को आश्वस्त किया जाना आवश्यक है कि खाद पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। किसी भी स्तर पर इसके उपलब्ध न होने की आशंका के आधार पर अनावश्यक संग्रहण भी न किया जाए।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने निर्देश दिए कि किसानों से खाद न मिलने की शिकायतें न मिलें, इसके लिए किसानों से संवाद भी हो। खाद वितरण में कहीं खामी हो तो व्यवस्थाएँ सुधारें। मुख्यमंत्री चौहान ने प्रदेश में उर्वरक की व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों से कहा कि कुछ जिलों से जो शिकायतें आई हैं उनका बिना विलम्ब निराकरण करें।
मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस ने बैठक में वर्चुअली हिस्सा लेते हुए कहा कि पिछले साल इस तरह की शिकायतें नहीं आई थीं। संयुक्त प्रयासों के अच्छे परिणाम आ रहे हैं। सभी संबंधित विभाग और संस्थाएँ मिल कर मॉनिटरिंग कर रहे हैं। खाद के वितरण के लिए माइक्रो मैनेजमेंट जरूरी है। संबंधित अधिकारियों को विस्तृत निर्देश दिए गए हैं।
प्रदेश में उपलब्ध हैं पर्याप्त उर्वरक
अपर मुख्य सचिव किसान-कल्याण तथा कृषि विकास अजीत केसरी ने बताया कि प्रदेश में पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध है। केन्द्र सरकार से प्रदेश की माँग पर उर्वरकों की रेक निरंतर मिल रही हैं। हाल में हुई समीक्षा में यह बात सामने आई है कि सहकारिता क्षेत्र में यूरिया, डीएपी उर्वरकों की 70 प्रतिशत से कम मात्रा का उठाव किया गया है।
जिला विपणन अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि नगद विक्रय केन्द्र पर खाद के इच्छुक किसानों के लिए व्यवस्थित प्रबंध सुनिश्चित करें। प्रदेश में अप्रैल से लेकर 11 अक्टूबर तक यूरिया 19.09 लाख मीट्रिक टन, डीएपी 9.80 लाख मीट्रिक टन, एनपीके 3.42 लाख मीट्रिक टन और एसएसपी 8.58 लाख मीट्रिक टन उपलब्ध है।
गत वर्ष से इस वर्ष आलोच्य अवधि में प्रत्येक उर्वरक का अधिक भंडारण हुआ है। लेकिन विक्रय गत वर्ष से कम है और शेष स्कंध की मात्रा यूरिया 2.51 लाख मीट्रिक टन, डीएपी 1.98 लाख मीट्रिक टन, एनपीके 1.31 लाख मीट्रिक टन, एसएसपी 3.50 लाख मीट्रिक टन है। इस महीने प्राप्त होने वाली संभावित उर्वरक मात्रा 11.84 लाख मीट्रिक टन है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एम्स भोपाल में हुए मध्य भारत के पहले हार्ट ट्रांसप्लांट से पुनर्जीवन प्राप्त करने वाले मरीज दिनेश मालवीय से उनकी कुशलक्षेम पूछी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस उपलब्धि के लिए एम्स भोपाल की टीम को बधाई दी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सिहंस्थ: 2028 का व्यवस्थित और सफल आयोजन राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सिंहस्थ की व्यवस्थाओं का विस्तार उज्जैन जिले के ग्रामीण क्षेत्रों तक होगा, अत: इसमें पंचायत प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। सिंहस्थ के आयोजन में श्रद्धालुओं के आवागमन की दृष्टि से उज्जैन जनपद विशेष रूप से महत्वपूर्ण है, इंडस्ट्रियल बेल्ट भी इसी क्षेत्र में विद्यमान है।
भोपाल। मध्य प्रदेश में सरकारी यात्री बस सेवा का संचालन कंपनियों के माध्यम से किया जाएगा। इसको लेकर परिवहन विभाग ने प्रस्ताव तैयार कर लिया है। इसको कैबिनेट की बैठक में रखा जाएगा। इससे पहले परिवहन विभाग ने संबंधित अन्य विभागों से यात्री परिवहन बस संचालन को लेकर राय ली। इसमें शहरी विकास विभागऔर विधि विभाग ने अपनी राय दे दी है। इसके तहत एक राज्य स्तर की कंपनी बनाई जाएगी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार निरंतर किसानों के कल्याण के लिये कृत संपल्पित होकर कार्य कर रही है। सरकार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ज्ञान (GYAN) से ध्यान पर फोकस करते हुए 4 मिशन के क्रियान्वयन पर जोर दिया है। जल्द ही प्रदेश में किसान कल्याण के लिये मिशन भी प्रारंभ होने वाला है। वर्तमान में किसानों के कल्याण की विभिन्न योजनाएँ संचालित हो रही है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने माँ नर्मदा जयंती की समस्त प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि माँ नर्मदा के अविरल प्रवाह ने मध्यप्रदेश को समृद्ध और खुशहाल बनाया है। मध्यप्रदेश की जीवन रेखा माँ नर्मदा का आशीर्वाद ऐसे ही अनवरत बरसता रहे, यही कामना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नर्मदा जयंती पर प्रदेशवासियों से जल और संस्कृति के संरक्षण के लिए संकल्पित होने का आव्हान किया है।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि युवा वर्ग अपने सपनों को साकार करने के लिए आगे बढ़े। राज्य सरकार हरसंभव सहयोग प्रदान करने के लिए तत्पर है। इस क्रम में कल 5 फरवरी को सभी पात्र निर्धारित विद्यार्थियों को स्कूटी प्रदान की जाएगी। युवा वर्ग अपनी प्रावीण्यता का लाभ ले और अपने साथियों के लिए भी प्रेरणा का स्त्रोत बनें, इस उद्देश्य से यह उपक्रम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि युवा न केवल उद्यमी बनें अपितु सब प्रकार से सक्षम भी बनें और अपने लक्ष्य प्राप्ति में सफल हों।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पूर्वोत्तर राज्यों से भारत एकात्मता यात्रा पर आए विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश केवल भौगोलिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक रूप से भी देश की एकता और अखंडता को दर्शाता है। उन्होंने प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और राष्ट्रप्रेम की भावना को रेखांकित करते हुए विद्यार्थियों को इस विविधता का सम्मान करने और भारतीय संस्कृति को आत्मसात करने की प्रेरणा दी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हाल ही में पेश केन्द्रीय बजट में मध्यप्रदेश के लिए रेलवे सुविधाओं के लिए 14 हजार 745 करोड़ रुपए के बजट आवंटन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त कर मध्यप्रदेश के नागरिकों की ओर से धन्यवाद दिया है।
भोपाल। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने गोपाल भार्गव को राजभवन में विधानसभा के प्रोटेम स्पीकर की शपथ दिलाई। शपथ ग्रहण समारोह का गरिमामय आयोजन राजभवन के दरबार हॉल में किया गया था। समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, उप-मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, उप-मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल भी मौजूद थे।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मंत्र को साकार कर जनता की जिन्दगी बदलना ही हमारी सरकार का लक्ष्य है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में जन-सामान्य ने अपना विश्वास व्यक्त किया है, उनके नेतृत्व में विकास की प्रक्रिया जारी है। विकास और जनकल्याण के लक्ष्य को संकल्प पत्र-2023 के अनुरूप धरातल पर उतारना हमारा उद्देश्य है। सभी विभाग संकल्प पत्र के सभी वादों, संकल्पों और घोषणाओं की पूर्ति का काम मिशन मोड में आरंभ कर समय-सीमा में लक्ष्य प्राप्ति सुनिश्चित करें।