खपत में कमी, सर्विस सेक्टर में सुस्ती और कम निवेश के बीच देश की इकॉनोमिक ग्रोथ इस साल अप्रैल-जून की तिमाही में 5.7 फीसद पर रहने का अनुमान है। जापानी ब्रोकरेज कंपनी नोमुरा (Nomura) ने अपनी रिपोर्ट में इस बात का खुलासा किया है। नोमुरा के अनुसार, अप्रैल-जून में सुस्ती के बावजूद जुलाई-सितंबर की तिमाही में अर्थव्यस्था में कुछ सुधार आने की उम्मीद है।
देश का सबसे बड़ा बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) प्लास्टिक डेबिट कार्ड को खत्म करने की योजना पर काम कर रहा है। एसबीआई इन डेबिट कार्ड के स्थान पर बड़े स्तर पर डिजिटल भुगतान प्रणाली को बढ़ावा देने की दिशा में काम कर रहा है। बैंक की यह योजना सफल रहती है, तो कुछ समय बाद ये प्लास्टिक के डेबिट कार्ड अतीत की बात हो जाएंगे।
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने सोमवार को इस बात पर जोर दिया कि सभी बैंकों को डिपॉजिट और लोन इंटरेस्ट रेट को रेपो रेट से जोड़ देना चाहिए. वे लगातार इस बात को दोहराते आ रहे हैं. उनका मानना है कि इससे मॉनिटरी ट्रांसमिशन प्रॉसेस में तेजी आएगी.
सोने-चांदी का भाव आसमान छू रहा है. मंगलवार को दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना 50 रुपए चमक कर 38470 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ. ट्रेड वार की वजह से सोने की तरफ निवेशकों रुझान बढ़ा है. इसलिए, कीमतें लगातार बढ़ती जा रही हैं. एक अगस्त को 10 ग्राम सोने की कीमत 35710 रुपये थी. पिछले दो हफ्ते में कीमत में करीब 2700 रुपये का उछाल आया है. 31 दिसंबर 2018 को 10 ग्राम सोने की कीमत दिल्ली में 32680 रुपये थी. इस तरह इस साल में अब तक रेट में करीब 20 फीसदी का उछाल आया है. न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, मंगलवार को सोने की कीमत 6 सालों के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई. आने वाले दिनों में इसमें तेजी की संभावना बनी हुई है. इसलिए, वर्तमान में सोने में निवेश करना हर लिहाज से फायदेमंद होगा. इससे संबंधित कुछ महत्वपूर्ण पहलुओं को समझने की कोशिश करते हैं.
राष्ट्रीय राजधानी सहित देश के कई महानगरों में आज सोमवार को डीजल की कीमतों में गिरावट देखने को मिली है। वहीं, पेट्रोल के भाव स्थिर बने हुए हैं। डीजल के भाव में आज 5 से 6 पैसे की कमी देखी गई है। अर्थात अब आपको डीजल खरीदने के लिए पहले से कम दाम चुकाने होंगे। आइए जानते हैं कि आज आपके शहर में पेट्रोल और डीजल किस कीमत बिक रहा है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आज पेट्रोल की कीमत में कोई बदलाव नहीं आया और यह 71.99 रुपये प्रति लीटर पर ही रहा। उधर दिल्ली में डीजल आज 6 पैसे सस्ता होकर 65.43 रुपये प्रति लीटर पर आ गया है।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नीतिगत दर में कटौती के बाद विभिन्न बैंकों ने इसका लाभ ग्राहकों को देना शुरू कर दिया है। शुक्रवार को बैंक ऑफ इंडिया, सिंडिकेट बैंक, आंध्र बैंक, इंडियन ओवरसीज बैंक, केनरा बैंक आदि ने 0.10 से 0.30 फीसद तक की कटौती करने की घोषणा की। सरकारी क्षेत्र के आंध्र बैंक, सिंडिकेट बैंक और बैंक ऑफ इंडिया ने कर्ज की मानक ब्याज दरों में शुक्रवार को 0.25 फीसद की कटौती की। केनरा बैंक ने मानक ब्याज दर 0.10 फीसद घटाने की घोषणा की। इलाहाबाद बैंक ने मानक ब्याज दर 0.15 से 0.20 फीसद कम करने और इंडियन ओवरसीज बैंक तथा यूनियन बैंक ने 0.15 फीसद घटाने की घोषणा की। एसबीआई ने पहले की इसमें कटौती कर दी थी।
IRCTC के जरिए खरीदे गए ई-टिकट अब और महंगे हो जाएंगे। भारतीय रेलवे ने एक बार फिर सर्विस फी चार्ज शुरू करने का फैसला किया है जिसे करीब तीन साल पहले डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने के लिए बंद कर दिया गया था। रेलवे बोर्ड ने IRCTC को ऑनलाइट टिकट बुक करने वाले यात्रियों से सर्विस फी चार्ज वसूलने की सिस्टम बहाल करने की मंजूरी दे दी है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने NEFT का उपयोग करने वाले लोगों के लिए बड़ी घोषणा की है। आरबीआई ने घोषणा की है कि दिसंबर 2019 से NEFT सिस्टम को 24*7 चालू रखा जाएगा। RBI ने यह घोषणा आज मौद्रिक नीति बैठक के समापन पर की है। RBI ने इस दौरान कई बड़े फैसले लिये हैं। आरबीआई ने रेपो रेट में 0.35 फीसद की कटौती की है जिससे अब यह दर 5.40 फीसदी पर आ गई है। नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर सिस्टम (एनईएफटी) को लेकर यह घोषणा हुई है कि इस साल दिसंबर से अब यह सुविधा सातों दिन और 24 घंटे उपलब्ध रहेगी।
स्पाइस जेट (SpiceJet) की स्वीट सरप्राइज सेल चल रही है, जिसके तहत टिकट बुक करने पर सलेक्टेड फ्लाइट पर 12 फीसदी का डिस्काउंट मिल रहा है. सेल की शुरुआत 29 जुलाई को ही हुई थी और 10 अगस्त तक यह चलेगी. ऑफर वाले टिकट पर 25 सितंबर तक यात्रा की जा सकती है. इस सेल के लिए प्रोमोकोड SGFLY है.
फाइव स्टार जैसे हॉस्पिटल, स्कूल और दूसरे ऐसे कई संस्थान जो नॉन प्रॉफिट कंपनी के तौर पर रजिस्टर्ड हैं. लेकिन भारी भरकम फीस और चार्ज वसूलकर मुनाफा कमा रहे हैं उन पर एक्शन की तैयारी हो रही है. जी मीडिया को मिली एक्सक्लूसिव जानकारी के मुताबिक सरकार ऐसी संस्थाओं से खुद को नॉन प्रॉफिट साबित करने के लिए कहेगी. अगर ऐसी संस्थाएं खुद को नॉन प्रॉफिट साबित नहीं कर पाती हैं तो उनका सेक्शन 8 के तहत रजिस्ट्रेशन रद्द किया जाएगा.