ऐतिहासिक रिज मैदान पर भारत के गृह मंत्री अमित शाह के भाषण के दौरान सायरन बजाती भीड़ के भीतर दाखिल हुई एंबुलेंस को लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने रिपोर्ट तलब की गयी है। यह एंबुलेंस पंथाघाटी स्थित तेंजिन अस्पताल की है और एक महिला मरीज को लेकर आईजीएमसी अस्पताल जा रही थी। एंबुलेंस के इस तरह से समारोह स्थल पर पहुंचने से सुरक्षा एजेंसियां चौकन्नी हो गईं, क्योंकि उस दिन रिज की जगह एंबुलेंस वाया छोटा शिमला-संजौली रूट से आईजीएमसी जल्दी पहुंचती तो एंबुलेंस को रिज से ले जाने की क्या वजह रही थी ? दूसरा सवाल जांच एजेंसी को कौंधा कि जिस महिला मरीज को लेकर एंबुलेंस आईजीएमसी जा रही थी वह लगभग 10 दिन से तेंजिन अस्पताल में दाखिल थी तो क्या उसी दिन उस महिला को आईजीएमसी रेफर करना जरूरी था या फिर उससे पहले या उसके बाद भी रेफर किया जा सकता था?
अभी अभी मिली रिपोर्ट से पता चला है कि झारखंड की कुल 81 सीटों पर विधानसभा चुनाव के रुझान आ रहे हैं. फिलहाल यहां किसी भी पार्टी को बहुमत मिलता नजर नहीं आ रहा है. भाजपा को जहां झारखंड में कुछ सीटों का नुकसान होता दिख रहा है तो वहीं कांग्रेस गठबंधन को भी बहुमत मिलता नजर नहीं आ रहा है. इस बीच आईए जानते हैं जिन सीटों पर पार्टियों के बड़े नेताओं ने रैलियां कीं, वहां कैसे रुझान सामने आ रहे हैं.
नागरिकता संशोधन एक्ट (Citizenship Amendment Act) को लेकर देश भर में हिंसक प्रदर्शन का दौर जारी है. हिंसा की वजह से सिर्फ यूपी में कई लोगों की जान चली गई है. प्रशासन की ओर से प्रदर्शनकारियों से लगातार अपील की जा रही है कि वे शांति बरतें और हिंसा से दूर रहें. इस बीच, बीजेपी शासित कर्नाटक के मंत्री सीटी रवि ने विवादास्पद बयान दिया है. रवि ने गुजरात के गोधरा में हुए दंगों का जिक्र करते हुए चेतावनी दी कि 'बहुसंख्यक आबादी' के धैर्य की परीक्षा न ली जाए.
महाराष्ट्र (Maharashtra) के नागपुर (Nagpur) में जारी विधानसभा के शीतकालीन शत्र के बीच खबर आ रही है कि मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) के मंत्रिमंडल का विस्तार सोमवार यानी 23 दिसंबर को होगा. मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर शिवसेना, एनसीपी और कोंग्रेस के बीच फार्मूला तय हो चुका है. सूत्रों की मानें तो एनसीपी के नेता और शरद पवार के भतीजे अजित पवार उप मुख्यमंत्री पद की शपथ ले सकते हैं.
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी के विरोध में लगातार तीसरे दिन बुधवार को रैली निकाली। तृणमूल प्रमुख बनर्जी ने अपने पार्टी सहयोगियों के साथ हावड़ा मैदान से प्रदर्शन मार्च शुरू किया जो कोलकाता के मध्य में स्थित एस्प्लेनेड में डोरिना क्रॉसिंग पर खत्म होगा।
मार्च शुरू करने से पहले मुख्यमंत्री ने कहा कि हमलोग बंगाल में कभी भी एनआरसी और नागरिकता कानून की इजाजत नहीं देंगे। किसी को भी राज्य छोड़ने के लिए नहीं कहा जाएगा। उन्होंने कहा कि हमलोग सभी धर्मों, जातियों और नस्लों के साथ मिलजुलकर रहने में यकीन करते हैं। हम सभी इस देश के नागरिक हैं और कोई भी हमें यहां से निकाल नहीं सकता।
उच्चतम न्यायालय ने पांच समुदायों- मुसलमानों, ईसाइयों, सिखों, बौद्धों और पारसियों को अल्पसंख्यकों का दर्जा देने वाली केंद्र सरकार की 26 साल पुरानी अधिसूचना की वैधता को चुनौती देने वाली एक याचिका को मंगलवार को खारिज कर दिया।
नागरिकता संशोधन कानून को लेकर देशभर के कई शहरों में विरोध-प्रदर्शन हो रहे है। दिल्ली स्थित जामिया विश्वविद्यालय में भी इसको लेकर विरोध प्रदर्शन हुए। वहीं, वायनाड सांसद और कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा है कि वह नागरिकता कानून और एनआरसी को लेकर विरोध कर रहे लोगों के साथ खड़े हैं।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने दिल्ली के रामलीला मैदान से नरेंद्र मोदी सरकार पर प्रंचड वार किया है. कांग्रेस की भारत बचाओ रैली में राहुल गांधी ने कहा कि जो काम भारत के दुश्मन नहीं कर सके हैं वो काम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया है.
संसद का शीतकालीन सत्र शुक्रवार को खत्म हो गया. सत्र के आखिरी दिन कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के 'रेप इन इंडिया' बयान पर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के सांसदों ने लोकसभा और राज्यसभा में हंगामा किया. बीजेपी ने राहुल गांधी से माफी की मांग की. हंगामे के बीच संसद के दोनों सदनों को अनिश्चित काल तक के लिए स्थगित कर दिया गया. हालांकि यह सत्र मोदी सरकार के लिए बेहद सफल रहा. सरकार अपने एजेंडे में से एक नागरिकता संशोधन बिल 2019 पास कराने में कामयाब रही, तो इसके अलावा एसीपीजी संशोधन बिल 2019, संविधान संशोधन (126वां) बिल, राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र दिल्ली (अप्राधिकृत कॉलोनी निवासी सम्पत्ति अधिकार मान्यता) विधेयक, 2019 जैसे बिल भी पास हुए.
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड ने राज्यसभा में नागरिकता संशोधन बिल 2019 का समर्थन किया है. राज्यसभा में जेडीयू सांसद आरसीपी सिंह ने कहा कि उनकी पार्टी इस बिल का समर्थन करती है. ये बिल अपने आप में बहुत स्पष्ट है. उन्होंने कहा कि ये बिल भारत के तीन पड़ोसी देशों में धार्मिक अल्पसंख्यकों को भारत की नागरिकता का आधार देता है. उन्होंने कहा कि बिल का मुद्दा अलग है और चर्चा किन-किन चीजों पर हो रही है.
बिल में किसी प्रावधान का उल्लंघन नहीं