mp mirror logo

झटपट वजन कम कर सकते हैं ये फूड!

नई दिल्लीः क्या आप सचमुच वजन कम करने के प्रयास कर रहे हैं. अगर हां, तो आपको ये जानना जरूरी है कि कौन से सप्लीमेंट्स सही में वजन कम करने में कारगर हैं. आज हम आपको कुछ ऐसे फूड सप्लीमेंट्स के बारे में बताएंगे जिसे आप डायट में शामिल करके सचमुच वजन कम कर सकते हैं.

चर्बी को कम करने के लिए ग्रीन टी शुरूआत से ही मशहूर है.सदियों से इस्तेमाल किए जाने वाले पौधे एलोवेरा से वजन कम किया जा सकता है. 

लेकिन इसका सीमित मात्रा में सेवन करना चाहिए.कैफीन एक खास किस्मत की पत्तियों में पाया जाता है. बेशक कैफीन के सेवन से शरीर की अधिक चर्बी ऊर्जा में बदल जाती है लेकिन कैफीन के अधिक सेवन से शरीर को नुकसान भी बहुत होता है. कैफीन के अधिक सेवन से रक्त चाप बढ़ता है और दिल की धड़कन तेज होती है.

कैफीन युक्त़ गुआराना में भी वजन कम करने की क्षमता होती है.जिनसेंग नामक पौधा पूर्वी एशिया और नॉ‍र्थ अमेरिका में पाया जाता है. जानवरों पर हुए कई शोध ये बात साबित कर चुके हैं कि जिनसेंग के पौधे में वजन कम करने की क्षमता मौजूद है.

ग्वार बीन के बीज से बनने वाला रेशा ग्वार गम के सेवन से भी वजन कम कर सकते हैं. लेकिन इसका आपको काफी अधिक मात्रा में सेवन करना पड़ता है.शैलफिश के ऊपरी भाग से निकलने वाली चीनी के सेवन से तकरीबन 3.5 किलोग्राम वजन कम किया जा सकता है.एक खास किस्म का प्रोटीन पैदा करने वाले व्हाइट बीन के सेवन से तकरीबन 2 किलो वजन कम किया जा सकता है. ये ग्रीन टी की ही तरह होता है.इकोमिया की पत्तियों में कैलेारी कम करने की क्षमता है.

"सेहत" से अन्य खबरें

बहुत हेल्दी है मूंग दाल और पालक का यह सूप

अगर कुछ हेल्दी खाने का मन है तो आप मूंग दाल और पालक का सूप बना सकते हैं। ये हेल्दी होने के साथ-साथ आपको टेस्टी भी लगेगा। 

Read More

हाई यूरिक एसिड को यूं करें कम

आजकल हर दूसरा व्यक्ति हाई यूरिक एसिड से परेशान है। यह परेशानी शुरू में तो कम होती हैं पर यदि इसका समय रहते इलाज न किया जाए तो यह गंभीर रूप भी ले लेती है। जैसे कि गठिया,जोड़ो में दर्द और किडनी में पत्थरी होने तक की संभावना हो जाती है। घुटनों,एडियों, उंगलियों में दर्द होने से इसकी शुरूआत होती है। लेकिन आप घर पर ही कुछ आसान से उपाय करके इसे समय रहते ठीक कर सकते हैं।

1. बेकिंग सोडा का सेवन

Read More

नाइट शिफ्ट में काम करने से आपके लीवर को झेलने पड़ते हैं ये बुरे प्रभाव

रात के वक्त यानी नाइट शिफ्ट में काम करना आपके स्वास्थय के लिए काफी नुकसानदेह साबित हो सकता है। शोध में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि नाइट शिफ्ट में जिगर यानी लीवर बुरी तरह प्रभावित होता है। लिवर 24 घंटों में दिन और रात के हिसाब से भोजन और भूख के चक्र का आदी हो जाता है।

रात की ड्यूटी यानी नाइट शिफ्ट के चलते आप समय पर भोजन नहीं कर पाते, जिसका सीधा असर आपके लिवर पर पड़ता है। शोधकर्ताओं ने चूहों पर प्रयोग कर पाया कि लिवर का आकार रात में बढ़ता है और वह खुद को ज्यादा खुराक के लिए तैयार करता है, लेकिन उसे समय पर उतनी खुराक नहीं मिल पाती।

Read More

ठंडी होती है जामुन की तासीर, गर्मियों में खाने से होंगे ये 8 फायदे

खाने में स्वादिष्ट और औषधीय गुणों से भरपूर जामुन गर्मियों का फल है. स्वाद में थोड़ा मीठा और थोड़ा खट्टा होता है. जामुन में लगभग वे सारी चीजें होती हैं, जिनकी जरूरत हमारे शरीर को है. आम के साथ ही जामुन का मौसम भी शुरू हो जाता है. इस फल के गर्मियों में पैदा होने के पीछे भी एक कारण है. जामुन की तासीर ठंडी होती है और लू लग जाने की स्थिति में यह बहुत लाभदायक है.

Read More

रोजना ताजे फलों का सेवन घटा सकता है डायबिटीज का डर

फल खाना सेहत के लिए अच्छा यह तो हम सभी जानते हैं, क्योंकि इससे हमारे शरीर को कई जरूरी पोषक तत्व प्राप्त होते हैं। एक ताजे शोध में कहा गया है कि रोजाना ताजे फलों का सेवन और जीवनशैली में बदलाव लाकर डायबिटीज के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

Read More

गर्मियों में शरीर को ठंडा रखता है शर्बत!

नई दिल्ली : गर्मियों में तेज धूप और पसीने के कारण आपको डिहाइड्रेशन की समस्या हो सकती है. इसलिए इन दिनों कोल्ड ड्रिंक और पैकेज फ्रूट जूस जैसी अन्हेल्दी चीजें नहीं बल्कि घर में बनने वाले विभिन्न तरह के हेल्दी और टेस्टी शर्बत ही पिएं. 

सौंफ का शर्बत- इसे पीने से आपका शरीर और दिमाग कूल रहते हैं. इसे बनाने के लिए एक चम्मच सौंफ को रातभर पानी में भिगोकर रखें. सुबह सौंफ अलग कर लें और पानी में चीनी व शहद डालकर शर्बत बनाएं.

Read More

सावधान.. ज्‍यादा मीठा खाने के हैं शौकीन, तो हो सकता है ये नुकसान

मीठे पेय पदार्थ याददाश्त के लिए नुकसानदेह होते हैं. एक शोध में पता चला है कि इस तरह के पेय पदार्थो से स्ट्रोक और डिमेंशिया का खतरा बढ़ जाता है. शोध के निष्कर्षो के अनुसार, मीठे पेय पदार्थो से दिमाग की याददाश्त पर प्रभाव पड़ता है. इन निष्कर्षो को दो पत्रिकाओं में प्रकाशित किया गया है. शोध का प्रकाशन पत्रिका 'अल्जाइमर्स एंड डिमेंशिया' में किया गया है. पत्रिका में कहा गया है कि मीठे पेय पदार्थो का सेवन करने वालों में खराब स्मृति, दिमाग के आयतन में कमी और खास तौर से हिप्पोकैम्पस छोटा होता है.

Read More

सेहत के लिए फायदेमंद है देसी गाय का दूध!

नई दिल्ली: एक ताजा शोध में ये बात सामने आई है कि देशी गाय का दूध जिसे कि ए-2 दूध कहा जाता है, हमारी सेहत के लिए वरदान है. वहीं दूसरी ओर बाजार में बिकने वाले ज्यादातर गाय के दूध क्रॉस ब्रीड या विदेशी गायों का होता है वो सेहत के लिए सही नहीं है.  

अमूल जैसी बड़ी कंपनियां भी अब A-2 दूध के साथ बाजार में उतर रही हैं. लेकिन अमूल के एमडी आरएस सोढ़ी का कहना है कि, "जब आप इसे प्रिमियम प्राइस पर बेचना चाहते हैं तब मार्केट अपने आप छोटा हो जाता है. लेकिन धीरे-धीरे अब जागरूकता बढ़ रही है."

Read More

दिल के लिए जरूरी ये हरी सब्जियों का सेवन

हरी और पत्तेदार सब्जियां हर लिहाज से फायदेमंद हैं। ये शरीर के ब्लड सर्कुलेशन को बढ़ाने में मदद करती हैं और कार्डियोवैस्कुलर बीमारियों से बचाने में भी मदद करती हैं। खासतौर पर दिल के स्वास्थ्य के लिए ये सब्जियां बहुत लाभकारी हैं। आज हम आपको ऐसी ही कुछ हरी पत्तेदार सब्जियों के बार में बता रहे हैं जो आपके हार्ट को हमेशा फिट रखने में मदद करती हैं।

ब्रोकली
इसका सेवन आपके दिल को लम्बे समय तक स्वस्थ बनाए रखने में मदद करता है। साल 2010 में जर्नल प्लांट फूड फॉर ह्यूमन न्यूट्रीशन में प्रकाशित शोध के अनुसार ब्रोकली स्प्राउट्स का रोजाना सेवन न सिर्फ ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को कम करता है बल्कि हार्ट सेल्स को डैमेज होने से भी बचाता है। इस बतौर सलाद भी खाया जा सकता है।

Read More

गर्मियों में सोडा पीने से पहले पढ़ लें ये खबर!

नई दिल्लीः क्या आप भी गर्मियों में शर्बत का सेवन करते हैं? क्या आप बहुत ज्यादा स्वीटनर ड्रिंक्स का सेवन करते हैं? अगर हां, तो ये खबर आपके लिए है. हाल ही में इससे रिलेटिड एक रिसर्च आई है.

क्या कहती है रिसर्च-
एक हालिया रिसर्च में ये बात सामने आई है कि बहुत ज्यादा आर्टिफिशियल स्वीटनर्स के सेवन से याददाश्त कमजोर हो सकती है. शोध के मुताबिक, बहुत ज्यादा मीठे पेय पदार्थों के सेवन से स्ट्रोक और डिमेंशिया का खतरा बढ़ जाता है. इससे याददाश्त‍ पर भी बुरा असर पड़ता है.

Read More